घटनाओं का क्रम
पाठ के दूसरे हिस्से में ओसाका और क्योटो के दो मेंढक अपने-अपने शहर देखने के लिए यात्रा करते हैं। पहाड़ की चोटी पर वे एक-दूसरे के सहारे खड़े होते हैं, लेकिन अपनी पीठ शहरों की ओर कर लेते हैं और अपने ही शहरों को देखते हैं।
इस उप-विषय के तथ्य पाठ के दिए गए प्रसंग से ही समझे जा सकते हैं।
इस उप-विषय के तथ्य पाठ के दिए गए प्रसंग से ही समझे जा सकते हैं। घटनाओं को उसी क्रम में देखें जिस क्रम में पाठ उन्हें प्रस्तुत करता है।
मुख्य बात: पाठ के दूसरे हिस्से में ओसाका और क्योटो के दो मेंढक अपने-अपने शहर देखने के लिए यात्रा करते हैं। पहाड़ की चोटी पर वे एक-दूसरे के सहारे खड़े होते हैं, लेकिन अपनी पीठ शहरों की ओर कर लेते हैं और अपने ही शहरों को देखते हैं।
त्वरित पुनरावृत्ति
- पाठ के दूसरे हिस्से में ओसाका और क्योटो के दो मेंढक अपने-अपने शहर देखने के लिए यात्रा करते हैं।
- इस उप-विषय के तथ्य पाठ के दिए गए प्रसंग से ही समझे जा सकते हैं।
- इस उप-विषय के तथ्य पाठ के दिए गए प्रसंग से ही समझे जा सकते हैं।
- इस उप-विषय की समझ पाठ के दिए गए उदाहरणों और अभ्यासों पर आधारित है।